पंतनगर कृषि मेले का सीएम धामी ने किया शुभारंभ, प्रगतिशील किसानों को किया सम्मानित

ख़बरीलाल खोज (मनीश बावा)पंतनगर। सूबे के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में आयोजित 119वें अखिल भारतीय किसान मेला एवं कृषि उद्योग प्रदर्शनी का फीता काटकर व दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया तथा विश्वविद्यालय के साहित्य का विमोचन भी किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंतनगर विश्वविद्यालय में इतने बड़े स्तर पर आयोजित होने वाला यह कृषि मेला किसानों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। ऐसे आयोजनों से किसानों को आधुनिक तकनीकों और नवाचारों की जानकारी मिलती है तथा वैज्ञानिकों से सीधे संवाद का अवसर प्राप्त होता है।
उन्होंने कहा कि किसान देश के अन्नदाता और असली नायक हैं। उनकी मेहनत और समर्पण से ही देश की खाद्य सुरक्षा मजबूत होती है और राष्ट्र प्रगति की ओर अग्रसर होता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि Narendra Modi के विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में किसानों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार की किसान सम्मान निधि योजना के तहत देश के 10 करोड़ से अधिक किसानों को लाभ मिल रहा है। हाल ही में प्रधानमंत्री द्वारा योजना की किस्त किसानों के खातों में भेजी गई है, जिससे प्रदेश के 9 लाख से अधिक किसानों को लाभ प्राप्त हुआ है।
उन्होंने कहा कि जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के लिए घेरबाड़ योजना के तहत केंद्र सरकार से पहली किस्त के रूप में 25 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं। साथ ही किसानों को सशक्त बनाने के लिए फसल बीमा योजना, मृदा स्वास्थ्य कार्ड, किसान मानधन योजना, दलहन आत्मनिर्भर योजना, कृषि यंत्र अनुदान योजना और सूक्ष्म सिंचाई जैसी कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए पॉलीहाउस योजना के तहत 200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिसमें अब तक 115 करोड़ रुपये की लागत से 350 पॉलीहाउस स्थापित किए जा चुके हैं। इसके साथ ही प्रदेश में 1200 करोड़ रुपये की लागत से नई सेब नीति लागू की गई है तथा कई योजनाओं में किसानों को 80 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि राज्य में सात एरोमा वैली विकसित की जा रही हैं तथा ड्रैगन फ्रूट की खेती को भी प्रोत्साहन दिया जा रहा है। प्रदेश में फलों के उत्पादन में लगभग ढाई प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई है, जबकि मशरूम उत्पादन बढ़कर 27 हजार मीट्रिक टन तक पहुंच गया है और इस क्षेत्र में उत्तराखंड देश में पांचवें स्थान पर आ गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में मधुमक्खी पालन और शहद उत्पादन की भी अपार संभावनाएं हैं। वर्तमान में राज्य में लगभग 3300 मीट्रिक टन शहद का उत्पादन हो रहा है, जिससे उत्तराखंड देश में आठवें स्थान पर पहुंच गया है।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. मनमोहन सिंह चौहान ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए बताया कि 119वें किसान मेले में 350 से अधिक स्टॉल लगाए गए हैं और प्रतिदिन करीब 20 हजार लोग मेले में पहुंच रहे हैं।
इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, विधायक तिलक राज बेहड़, मेयर विकास शर्मा, दर्जा मंत्री अनिल कपूर डब्बू, फरजाना बेगम, पूर्व विधायक राजेश शुक्ला, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, एसएसपी अजय गणपति सहित बड़ी संख्या में किसान और अधिकारी मौजूद रहे।



