तिजोरी से खुला बड़ा राज,शिमला की एक करोड़ की चोरी का रुद्रपुर कनेक्शन,आबकारी दरोगा समेत चार गिरफ्तार
शिमला पुलिस का ऊधमसिंहनगर में संयुक्त ऑपरेशन, आबकारी दरोगा समेत चार पर महिला से 80 हजार और सोना लेने का भी आरोप
रुद्रपुर। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में एक करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की चोरी के मामले की जांच की आंच ऊधमसिंहनगर तक पहुंच गई। शिमला पुलिस ने ऊधमसिंहनगर पुलिस के सहयोग से रुद्रपुर में संयुक्त कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक चोरी की गई संपत्ति का करीब 80 प्रतिशत हिस्सा बरामद कर लिया गया है। बरामद सामान में आभूषण और अन्य कीमती वस्तुएं शामिल हैं।
वहीं, इसी प्रकरण की जांच के दौरान रुद्रपुर में आबकारी विभाग के एक दरोगा समेत चार कर्मचारियों पर नेपाल निवासी महिला और उसके साथी से कथित तौर पर 80 हजार रुपये और करीब आधा किलो सोना लेने का गंभीर आरोप भी सामने आया है। हिमाचल पुलिस की कार्रवाई में आबकारी दरोगा देवेंद्र कुमार, सिपाही बलजीत सिंह, उपनल कर्मचारी पप्पू लाल और पीआरडी कर्मी नईम के गिरफ्तार होने की जानकारी सामने आई है।
शिमला में एक करोड़ से अधिक की चोरी
पुलिस के अनुसार सदर शिमला थाने में आठ सितंबर को शिकायत के आधार पर अभियोग संख्या 117/2026 दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता के अनुसार उनके घर में साफ-सफाई के काम के लिए एक युवती को रखा गया था। आठ सितंबर की सुबह कमरे की अलमारियां खुली और सामान बिखरा मिला। जांच करने पर ज्वेलरी, नकदी समेत अन्य कीमती सामान गायब पाया गया। चोरी गई संपत्ति का अनुमानित मूल्य एक करोड़ रुपये से अधिक बताया गया है।
मामले की जांच के दौरान शिमला पुलिस ने संदिग्धों की तलाश, पूछताछ, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध तथ्यों के आधार पर कार्रवाई आगे बढ़ाई। इसी क्रम में पुलिस टीम ने ऊधमसिंहनगर पुलिस के साथ संयुक्त अभियान चलाकर रुद्रपुर से चार लोगों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान देवेन्द्र कुमार निवासी रामनगर, पप्पु लाल, बलजीत सिंह और नईम निवासी ऊधमसिंहनगर के रूप में बताई गई है। पुलिस का कहना है कि अब तक चोरी की करीब 80 प्रतिशत संपत्ति बरामद हो चुकी है। शेष सामान की बरामदगी और घटना में शामिल अन्य लोगों की पहचान के प्रयास जारी हैं।
जांच के दौरान सामने आया दूसरा गंभीर आरोप
इसी मामले की जांच के दौरान आठ सितंबर को रामपुर बॉर्डर के पास वाहनों की जांच कर रही आबकारी टीम के सामने एक कार आने की बात सामने आई। पुलिस के अनुसार कार में नेपाल निवासी करिश्मा और उसका साथी मौजूद थे तथा कार से टूटी हुई तिजोरी बरामद हुई थी।
आरोप है कि पूछताछ के दौरान आबकारी विभाग से जुड़े कर्मचारियों ने महिला और उसके साथी से 80 हजार रुपये नकद तथा करीब आधा किलो सोना ले लिया और दोनों को छोड़ दिया। बाद में महिला ने शिमला निवासी अपने पूर्व नियोक्ता को घटना की जानकारी दी। इसके बाद हिमाचल पुलिस रुद्रपुर पहुंची और एसएसपी अजय गणपति से संपर्क कर मामले की जांच आगे बढ़ाई।
संयुक्त जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर चार कर्मचारियों को गिरफ्तार किए जाने की बात कही गई है। आरोपियों के कब्जे से नकदी और सोना बरामद होने की जानकारी भी सामने आई है। हालांकि, इन आरोपों से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि विस्तृत पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
अन्य आरोपियों की तलाश जारी
शिमला पुलिस के अनुसार मामले की तफ्तीश उन्नत चरण में है। बरामदगी के साथ-साथ चोरी की पूरी घटना में शामिल अन्य व्यक्तियों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर संलिप्त पाए जाने वाले अन्य लोगों के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि घरेलू सहायकों अथवा अन्य कर्मचारियों को नियुक्त करने से पहले उनकी पहचान और पते का उचित पुलिस सत्यापन जरूर कराया जाए। साथ ही पूर्व रोजगार और पहचान संबंधी दस्तावेजों की भी जांच की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।


