“डीएम की चेतावनी बेअसर ! गैस एजेंसियों की मनमानी—बिना डिलीवरी ‘डिलीवर’ दिखाकर उपभोक्ताओं से खेल”

ख़बरीलाल खोज (मनीश बावा)रूद्रपुर/क्षेत्र में घरेलू गैस वितरण व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। हाल ही में जिलाधिकारी द्वारा गैस एजेंसियों को सख्त निर्देश दिए गए थे कि प्रत्येक उपभोक्ता को समय पर होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए और बिना डिलीवरी के ‘डिलीवर’ मैसेज भेजे जाने पर एफआईआर तक की कार्रवाई की चेतावनी दी गई थी।
लेकिन इन सख्त निर्देशों के बावजूद जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। गैस एजेंसी के कर्मचारियों द्वारा उपभोक्ताओं के मोबाइल नंबर पर खुद ही बुकिंग और डिलीवरी कंफर्म करने का मामला सामने आ रहा है, जिससे पूरी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं।
ताजा मामले में एक उपभोक्ता के कनेक्शन पर दो बार गैस बुकिंग कर दी गई और दोनों बार सिस्टम में डिलीवरी भी दिखा दी गई, जबकि उपभोक्ता को एक भी सिलेंडर प्राप्त नहीं हुआ। इस तरह की घटनाएं न केवल उपभोक्ताओं के अधिकारों का उल्लंघन हैं, बल्कि प्रशासनिक निर्देशों की खुली अवहेलना भी दर्शाती हैं।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब जिलाधिकारी द्वारा स्पष्ट चेतावनी दी जा चुकी है, तो फिर भी गैस एजेंसियों की मनमानी क्यों जारी है? क्या प्रशासन की सख्ती केवल कागजों तक सीमित रह गई है, या फिर जिम्मेदारों पर कोई ठोस कार्रवाई होगी?
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और दोषी कर्मचारियों व एजेंसियों के खिलाफ क्या कदम उठाए जाते हैं। फिलहाल उपभोक्ता खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं और उन्हें अपने ही बुक किए गए सिलेंडर का इंतजार है।

