ओवरटेकिंग विवाद में रोडवेज बस पर हमला, 24 घंटे में 4 आरोपी गिरफ्तार
ख़बरीलाल खोज (मनीश बावा)रुद्रपुर/गदरपुर: उत्तराखण्ड में कानून-व्यवस्था को सख्ती से लागू करने के क्रम में ऊधमसिंहनगर पुलिस ने एक बार फिर त्वरित कार्रवाई का उदाहरण पेश किया है। ओवरटेकिंग विवाद के बाद रोडवेज बस में तोड़फोड़ और चालक से मारपीट करने वाले 4 आरोपियों को पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 1 अप्रैल 2026 को शारदा घाट, टनकपुर निवासी शारदा शंकर द्वारा थाना गदरपुर में तहरीर दी गई थी कि कुछ अज्ञात व्यक्तियों ने उत्तराखण्ड परिवहन की रोडवेज बस को रोककर उसमें तोड़फोड़ की और चालक के साथ मारपीट कर यात्रियों में दहशत फैला दी। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देश पर गठित टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए 2 अप्रैल को मुखबिर की सूचना पर 4 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी शराब के नशे में थे और ओवरटेकिंग को लेकर हुए विवाद के बाद गुस्से में आकर उन्होंने पहले बस को रोका, फिर गाली-गलौज करते हुए तोड़फोड़ की। इतना ही नहीं, आरोपियों ने बस का पीछा करते हुए केलाखेड़ा-रत्नामडैया क्षेत्र में दोबारा हमला कर लाठी-डंडों से बस को क्षतिग्रस्त किया।
पुलिस ने घटना में प्रयुक्त दो बिना नंबर प्लेट की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल भी बरामद की हैं। हालांकि घटना के दौरान बस में सवार सभी यात्री सुरक्षित रहे, लेकिन सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया है।
गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान हरजिंदर सिंह, रिंकु सिंह, गोविंद सिंह और अयान के रूप में हुई है, जिन्हें न्यायालय में पेश किया जा रहा है। वहीं, अन्य फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
एसएसपी अजय गणपति ने स्पष्ट संदेश दिया है कि जनपद में किसी भी प्रकार की अराजकता और हुड़दंग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि “ZERO TOLERANCE” नीति के तहत अपराधियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों से क्षतिपूर्ति भी वसूली जाएगी।
पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से जहां आमजन में विश्वास बढ़ा है, वहीं असामाजिक तत्वों में भय का माहौल भी बना है।




